‘Aap Jaisa Koi’: नेटफ्लिक्स पर आर. माधवन और फातिमा सना शेख की जोड़ी, पहला पोस्टर जारी

‘Aap Jaisa Koi’: नेटफ्लिक्स पर आर. माधवन और फातिमा सना शेख की जोड़ी, पहला पोस्टर जारी

नेटफ्लिक्स का नया रोमांटिक ड्रामा ‘Aap Jaisa Koi’

अगर आप नए रोमांस और अनोखी कहानियों के शौकीन हैं तो नेटफ्लिक्स पर आ रही फिल्म Aap Jaisa Koi आपके लिए खास हो सकती है। निर्देशक विवेक सोनी की इस फिल्म का पहला पोस्टर चर्चा में है, जिसमें आर. माधवन और फातिमा सना शेख ने मुख्य किरदार निभाए हैं। पोस्टर में दोनों की कैमिस्ट्री लोगों को तुरंत खींच रही है। फिल्म की कहानी कोलकाता के बेहतरीन लोकेशनों में गूंथी गई है, जहां शहर की गलियां, ट्राम, और हलचल सीन में दिखती है।

आर. माधवन इस बार एक पढ़ाकू, शांत स्वभाव वाले टीचर के रोल में हैं, वहीं फातिमा उनकी छात्रा बनी हैं जो अपनी पहचान और प्यार के बीच उलझी नजर आती है। ये रिश्ता उम्र और सामाजिक सोच की दीवारों को पार करता है। ऐसी कहानी में समाज की खींचतान, परिवार की जटिलताएं और आत्म-साक्षात्कार की झलक मिलती है। फिल्म का प्रमोशनल पोस्टर रिलीज होते ही दर्शकों में उत्सुकता बढ़ गई है।

किरदार, कैमिस्ट्री और आलोचनाओं की चर्चा

फिल्म की सबसे बड़ी ताकत माधवन और फातिमा की केमिस्ट्री है, जो हर सीन में ताजगी भर देती है। समीक्षक कहते हैं कि दोनों की बातचीत और भावनाएं कहानी में आसानी से बहती हैं, जिससे दर्शक जुड़ जाते हैं। हालांकि, कहानी में टीचर-स्टूडेंट रिलेशनशिप और उसका सामाजिक विरोध, यह टॉपिक ‘Rocky Aur Rani Ki Prem Kahani’ जैसी फिल्मों की याद दिलाता है। इसमें दोनों पीढ़ियों की सोच, रीति-रिवाज और प्यार को लेकर समाज के नजरिए की झलक देखने को मिलती है।

सहायक भूमिका में आयशा रजा ने माधवन की भाभी का किरदार निभाया है, जो कहानी में संवेदनशीलता और गहराई जोड़ती हैं। उनकी एक्टिंग आपको सोचने पर मजबूर कर देगी। हालांकि, समीक्षकों को फिल्म के कुछ हिस्से जरूरत से ज्यादा सीख देने वाले और भाषणनुमा लगे हैं। ऐसे सीन दर्शकों को कभी-कभी कहानी से बाहर कर सकते हैं। हर जगह कोलकाता की खूबसूरती देखने को मिलती है, जिससे फिल्म का विजुअल अपील बढ़ जाता है।

जहां एक ओर फिल्म के लोकेशन्स हिट हैं, वहीं म्यूजिक को उतना पसंद नहीं किया जा रहा। गाने कहानी के साथ फिट नहीं बैठते और बैकग्राउंड म्यूजिक भी औसत माना जा रहा है। क्लाइमैक्स थोड़ा अनुमानित है, जिससे नया या चौंकाने वाला कुछ नहीं मिलता। फिर भी, इसे परिवार के साथ आराम से देखा जा सकता है क्योंकि इसमें बोल्ड या विवादित सीन नहीं हैं।

‘Aap Jaisa Koi’ प्यार, पारिवारिक जिम्मेदारियों और खुद को तलाशने की कशमकश दिखाती है। इतनी सारी फिल्मों की भीड़ में, यह एक साधारण लेकिन दिलस्प प्रेम कहानी पेश करती है, जो आज के युवाओं और उनके परिवारों को सोचने के लिए कुछ सवाल जरूर देती है।

19 टिप्पणि

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    Prakash chandra Damor

    जुलाई 16, 2025 AT 06:19
    ये फिल्म देखने के बाद मैंने कलकत्ता की गलियों को फिर से देखना शुरू कर दिया है
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    Rohit verma

    जुलाई 16, 2025 AT 11:06
    माधवन और फातिमा की केमिस्ट्री बिल्कुल जादू है 😍 इस फिल्म को देखकर लगता है जैसे जीवन खुद बोल रहा हो
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    tejas cj

    जुलाई 17, 2025 AT 09:00
    अरे ये फिल्म तो Rocky Aur Rani जैसी ही है बस नाम बदल दिया है और कलकत्ता डाल दिया है
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    Payal Singh

    जुलाई 19, 2025 AT 05:53
    मुझे लगता है, कि ये फिल्म... बस एक रोमांटिक ड्रामा नहीं है... ये एक सामाजिक संदेश है... जो हमें याद दिलाता है कि प्यार कभी उम्र या रिश्तों के बंधनों से नहीं डरता... और इसलिए ये फिल्म... बहुत जरूरी है।
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    Shruti Singh

    जुलाई 20, 2025 AT 13:57
    इस फिल्म को देखकर मैंने अपने पापा को फोन कर दिया और उनसे बात कर ली। धन्यवाद नेटफ्लिक्स!
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    Manu Metan Lian

    जुलाई 22, 2025 AT 03:44
    यह फिल्म एक अत्यधिक अतिरंजित और सामाजिक रूप से अनुचित रिश्ते को रोमांटिकाइज़ करती है। शिक्षक-छात्र संबंध को इस तरह प्रस्तुत करना अशिक्षित दर्शकों के लिए खतरनाक है।
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    Debakanta Singha

    जुलाई 22, 2025 AT 23:47
    मुझे लगता है इस फिल्म में बहुत कुछ बेकार है लेकिन कलकत्ता के दृश्य तो बहुत अच्छे हैं वो तो देखने लायक है
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    Liny Chandran Koonakkanpully

    जुलाई 24, 2025 AT 03:02
    म्यूजिक बेकार है... बैकग्राउंड ने तो फिल्म को बर्बाद कर दिया... और फिर भी ये फिल्म देखो... क्योंकि तुम्हारे पास और कुछ नहीं है 😒
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    swetha priyadarshni

    जुलाई 24, 2025 AT 16:19
    कलकत्ता के ट्राम और बरगद के पेड़ों के नीचे के सीन ने मुझे वापस ले गए जब मैं छोटी थी... वहां की गर्मी, गंध, आवाज़... सब कुछ याद आ गया... ये फिल्म ने मुझे अपने बचपन में ले गया... जहां प्यार शब्दों में नहीं, आंखों में बोलता था।
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    Raksha Kalwar

    जुलाई 26, 2025 AT 13:08
    फातिमा का अभिनय शानदार है। उसकी आंखों में बहने वाली भावनाएं बिना एक शब्द के सब कुछ कह देती हैं।
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    Rashmi Primlani

    जुलाई 27, 2025 AT 06:31
    इस फिल्म में जो भी आयशा रजा ने किया है वो एक निर्माण की तरह है जिसने एक अलग स्तर की गहराई दी है और यह एक ऐसा निर्माण है जिसे समाज को याद रखना चाहिए
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    harsh raj

    जुलाई 27, 2025 AT 16:47
    हर एक सीन में छुपा हुआ एक विचार है... एक बात जो आप नहीं देख पा रहे... लेकिन वो आपको छू रहा है... ये फिल्म आपको देख रही है न कि आप इसे।
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    Khaleel Ahmad

    जुलाई 28, 2025 AT 12:16
    मुझे लगता है ये फिल्म बहुत अच्छी है और इसे देखना चाहिए
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    avinash jedia

    जुलाई 29, 2025 AT 23:21
    क्या ये फिल्म असली लव स्टोरी है या सिर्फ एक बड़ा सा ब्रांडिंग ट्रेंड?
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    Kunal Sharma

    जुलाई 31, 2025 AT 18:33
    मैंने ये फिल्म देखी और लगा जैसे कोई मुझे बारिश के बाद की गीली हवा की खुशबू दे रहा हो... न तो ज़ोर से बोल रहा था न ही नाच रहा था... बस बैठा था और मेरे दिल को छू गया।
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    Arya Murthi

    अगस्त 1, 2025 AT 19:22
    मैंने इसे एक रात में देख लिया... अगली सुबह मेरी बहन ने पूछा क्या हुआ तुम्हारी आंखें लाल हैं... मैंने कहा कुछ नहीं... बस एक फिल्म देख ली।
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    Chandrasekhar Babu

    अगस्त 3, 2025 AT 03:22
    फिल्म के विजुअल लेयर्स और न्यूरोलिंगविस्टिक साइनलिंग के आधार पर यह एक स्ट्रैटेजिकली डिज़ाइन्ड एमोशनल एंगेजमेंट टूल है जो सामाजिक कॉन्फ्लिक्ट को एम्बिग्यूअसली रिप्रेजेंट करता है।
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    Pooja Mishra

    अगस्त 3, 2025 AT 15:23
    इस फिल्म में शिक्षक-छात्र का रिश्ता दिखाना बिल्कुल गलत है। यह बच्चों के लिए खतरनाक संदेश देता है। आपको इसे देखना चाहिए नहीं।
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    Anupam Sharma

    अगस्त 4, 2025 AT 08:22
    लोग इस फिल्म को सोचते हैं जैसे ये कोई आर्ट है... पर असल में ये बस एक बड़ा बजट वाला टीवी ड्रामा है जिसमें बहुत सारे एक्टर्स ने अपना बॉक्स भर लिया

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